8th CPC Salary Calculator: अगर आप सरकारी कर्मचारी हैं या सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं, तो 8वां वेतन आयोग (8th Central Pay Commission) आपके लिए एक बड़ी खबर लेकर आया है। हर बार की तरह, इस बार भी वेतन में बढ़ोतरी की चर्चा जोरों पर है। लेकिन सवाल ये है कि आपका मूल वेतन ₹1,51,100 से बढ़कर ₹2,90,112 होने के बाद कितना पैसा आपके खाते में आएगा? आयकर और दूसरी कटौतियों के बाद आपकी जेब में कितना बचेगा?
8वें वेतन आयोग के लागू होने पर लेवल-8 के वरिष्ठ अधिकारियों के वेतन में बंपर उछाल आएगा। 1.92 के अनुमानित फिटमेंट फैक्टर के साथ, ₹1,51,100 का अधिकतम मूल वेतन बढ़कर ₹2,90,112 हो सकता है। डीए के बेसिक में विलय और एचआरए-टीए की दरों में बदलाव के बाद मासिक सकल वेतन ₹2.85 लाख से बढ़कर ₹3.63 लाख हो सकता है। सभी कटौतियों के बाद, वेतन ₹2.10 लाख से बढ़कर ₹2.58 लाख प्रति माह हो जाएगा।

8th CPC Salary Calculator Overview
विवरण | मूल्य (₹) |
मूल वेतन (पुराना) | 1,51,100 |
मूल वेतन (8वां CPC) | 2,90,112 |
महंगाई भत्ता (DA) | 1,45,056 (50% अनुमानित) |
हाउस रेंट अलाउंस (HRA) | 78,330 (27% अनुमानित) |
ट्रांसपोर्ट अलाउंस (TA) | 15,000 (अनुमानित) |
कुल मासिक सैलरी | 5,28,498 |
आयकर कटौती (अनुमानित) | 75,012 |
पीएफ/एनपीएस कटौती | 43,517 (15% अनुमानित) |
सैलरी (अनुमानित) | 4,09,969 |
8th Pay Commission में क्या है खास?
वेतन आयोग का मकसद सरकारी कर्मचारियों की सैलरी को समय के साथ अपडेट करना है, ताकि महंगाई और जीवनयापन की लागत के हिसाब से उनकी कमाई बनी रहे। 8वां वेतन आयोग अभी चर्चा में है और अनुमान है कि यह मूल वेतन, भत्तों और पेंशन में अच्छी-खासी बढ़ोतरी करेगा। इस बार मूल वेतन में करीब 44% की बढ़ोतरी की उम्मीद है। यानी अगर आपका मूल वेतन ₹1,51,100 है, तो यह बढ़कर ₹2,90,112 हो सकता है साथ ही आयकर, पीएफ और दूसरी कटौतियां भी हैं।
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सैलरी कैसे बढ़ेगी?
मूल वेतन में बढ़ोतरी का मतलब है कि आपकी कुल सैलरी, जिसमें महंगाई भत्ता (DA), हाउस रेंट अलाउंस (HRA), और ट्रांसपोर्ट अलाउंस (TA) जैसे भत्ते शामिल हैं, भी बढ़ेगी। मान लीजिए, आपका मूल वेतन ₹1,51,100 है और 8वें वेतन आयोग के बाद यह ₹2,90,112 हो जाता है। इसके साथ DA, HRA और अन्य भत्तों का प्रतिशत भी बढ़ सकता है। लेकिन इन सबके बाद, आयकर की कटौती आपकी अंतिम सैलरी को प्रभावित करेगी। चलो, इसे एक उदाहरण के साथ समझते हैं। मान लीजिए, आप एक मध्यम स्तर के सरकारी कर्मचारी हैं, और आपका मूल वेतन ₹1,51,100 है। 8वें वेतन आयोग के बाद, आपकी सैलरी और कटौतियां कुछ इस तरह हो सकती हैं।
- पुराना वेतन ₹1,51,100 से बढ़कर ₹2,90,112 हो गया। यह 44% की बढ़ोतरी है।
- आमतौर पर DA मूल वेतन का 50% तक हो सकता है। यहां हमने ₹1,45,056 माना है।
- HRA शहर के आधार पर अलग-अलग होता है। हमने 27% माना, जो मेट्रो शहरों के लिए लागू हो सकता है। यह ₹78,330 बनता है।
- यह कर्मचारी के ग्रेड और शहर पर निर्भर करता है। हमने ₹15,000 का अनुमान लिया।
- सभी भत्तों को जोड़ने पर मासिक सैलरी ₹5,28,498 बनती है।
- नई टैक्स व्यवस्था के तहत, ₹5,28,498 की मासिक सैलरी (लगभग ₹63.42 लाख सालाना) पर करीब ₹75,012 मासिक आयकर कट सकता है। (यह मानक कटौतियों और छूट के बाद है।)
- आयकर, पीएफ और दूसरी कटौतियां 15% मानी, जो ₹43,517 बनती है।
- सभी कटौतियों के बाद, आपको हर महीने लगभग ₹4,09,969 मिल सकते हैं।
क्या ध्यान रखना चाहिए?
पुरानी या नई टैक्स व्यवस्था चुन सकते हैं। पुरानी व्यवस्था में HRA, LTA जैसी छूट मिल सकती हैं, जो आपकी टैक्स देनदारी को कम कर सकती हैं। HRA और TA आपके शहर (मेट्रो या नॉन-मेट्रो) के आधार पर बदल सकता है। कुछ कर्मचारियों को विशेष भत्ते मिलते हैं, जैसे मेडिकल अलाउंस या ग्रामीण क्षेत्र भत्ता, जो आपकी सैलरी को और बढ़ा सकते हैं। अगर आप NPS में हैं, तो आपकी कटौती और भविष्य की बचत पर भी असर पड़ेगा।
निष्कर्ष
8वां वेतन आयोग सरकारी कर्मचारियों के लिए एक सुनहरा मौका हो सकता है। अगर आपका मूल वेतन ₹1,51,100 से बढ़कर ₹2,90,112 होता है, तो आपकी मासिक सैलरी ₹5 लाख से ज्यादा हो सकती है। लेकिन आयकर और दूसरी कटौतियों के बाद, आपके हाथ में करीब ₹4 लाख महीना आएगा। यह गणना अनुमानित है, और असल सैलरी सरकार के अंतिम फैसले और आपकी व्यक्तिगत परिस्थितियों पर निर्भर करेगी।